
भारत में शिवरात्रि बड़ी धूम-धाम से मनाया जाता है। माना जाता है की दिन व्रत रखने से मनुष्य के सभी पाप दूर हो
जाते हैं। और साथ ही साथ कुछ लड़कियां अपना मनचाहा वर पाने के लिए भी इस दिन व्रत रखती हैं।
जाते हैं। और साथ ही साथ कुछ लड़कियां अपना मनचाहा वर पाने के लिए भी इस दिन व्रत रखती हैं।
आपको बताते है की इस दिन कैसे पूजा करनी चाहिए :
इस दिन भोलेनाथ की चारों प्रहरों में पूजा की जाती है। प्रथम प्रहर में संकल्प लेकर दूध से स्नान तथा ‘ॐ हृीं ईशानाय नम:’ मंत्र का जप करें। द्वितीय प्रहर में दही स्नान कराकर ‘ॐ हृीं अघोराय नम:’ का जप करें। तृतीय प्रहर में घी स्नान एवं ‘ॐ हृीं वामदेवाय नम:’ और चतुर्थ प्रहर में शहद स्नान एवं ‘ॐ हृीं सद्योजाताय नम:’ मंत्र का जाप करें।
इस मंत्र का जाप करें :
स्त्रियां सुख-सौभाग्य के फल हेतु ‘ऊं ह्रीं नमः शिवाय ह्रीं ऊं’ मंत्र का उच्चारण करें।
अखंड लक्ष्मी प्राप्ति हेतु ‘ऊं श्रीं ऐं ऊं’ मंत्र की दस माला का जाप करें।
विवाह में आ रही रूकावटों को दूर करने के लिए शिवशक्ति के मंत्र ‘हे गौरि शंकरार्धांगि यथा त्वं शंकरप्रिया। तथा मां कुरु कल्याणी कान्तकांता सुदुर्लभाम’ का जाप करें।
संपूर्ण पारिवारिक सुख-सौभाग्य हेतु ‘ऊं साम्ब सदा शिवाय नमः’ मंत्र का उच्चारण करें।
अखंड लक्ष्मी प्राप्ति हेतु ‘ऊं श्रीं ऐं ऊं’ मंत्र की दस माला का जाप करें।
विवाह में आ रही रूकावटों को दूर करने के लिए शिवशक्ति के मंत्र ‘हे गौरि शंकरार्धांगि यथा त्वं शंकरप्रिया। तथा मां कुरु कल्याणी कान्तकांता सुदुर्लभाम’ का जाप करें।
संपूर्ण पारिवारिक सुख-सौभाग्य हेतु ‘ऊं साम्ब सदा शिवाय नमः’ मंत्र का उच्चारण करें।
